Samsung F55 Display Test: Outdoor Brightness & Colors Review

Samsung Galaxy F55 मार्केट में आए एक लंबा समय बीत चुका है।

इसलिए आज के बदलते दौर में इसके Display की असलियत जानना बेहद ज़रूरी हो चुका है।

देखा जाए तो फर्स्ट लुक में इसका Screen साइज काफी बड़ा और प्रीमियम फील कराता है।

हालांकि क्या आज भी इसका Super AMOLED Plus Panel नए स्मार्टफोन्स को टक्कर दे पाता है?

यही कारण है कि हमने कड़ी धूप से लेकर बंद कमरे तक इस Screen का एक क्रूर टेस्ट किया है।

नतीजतन इस रिपोर्ट में आपको बिना किसी पक्षपात के केवल कड़वी हकीकत जानने को मिलेगी।

Samsung Galaxy F55 display brightness and color accuracy test outdoors
Testing the outdoor visibility and color shifts on the Samsung Galaxy F55 panel

Display Hardware & Specs: कागज़ी आंकड़े बनाम हकीकत

इस Smartphone में 6.7-inch का Full HD+ Super AMOLED Plus Display सेटअप दिया गया है।

इसके अलावा स्मूथ परफॉर्मेंस के लिए इसमें 120Hz Refresh Rate का सपोर्ट भी मिल जाता है।

लेकिन क्या ऑन-पेपर Specifications सच में डेली यूज़ में भी उतने ही शानदार रिजल्ट देते हैं?

असल में Samsung ने इसके Bezels को काफी हद तक कंट्रोल में रखने की कोशिश की है।

शायद इसी वजह से Multimedia देखते समय आपको एक बेहतरीन इमर्सिव व्यूइंग एक्सपीरियंस मिलता है।

हालांकि इसकी Screen Protection को लेकर कंपनी ने कुछ ज्यादा खुलकर जानकारी नहीं दी है।

नीचे दी गई टेबल से आप समझ सकते हैं कि यह अपने सेगमेंट के कड़े Competitor को कितनी टक्कर देता है:

Display FeatureSamsung Galaxy F55Segment Competitor
Screen Size6.7-inch6.67-inch
Panel TypeSuper AMOLED PlusAMOLED
Refresh Rate120Hz120Hz
ResolutionFull HD+Full HD+
Design StylePunch-holePunch-hole

Outdoor Visibility & Brightness: कड़ी धूप में स्क्रीन का इम्तिहान

कड़ी धूप में घर से बाहर निकलते ही इस Screen की असली परीक्षा शुरू हो जाती है।

कंपनी का दावा है कि यह Display करीब 1000 Nits की Peak Brightness को टच कर सकता है।

बल्कि सीधी धूप में रील्स स्क्रॉल करते समय या टेक्स्ट मैसेज पढ़ते समय आपको ज्यादा दिक्कत नहीं होगी।

इसके विपरीत जब आप दोपहर के वक्त इसमें लॉन्ग ड्यूरेशन तक Extended Use करते हैं, तो कहानी थोड़ी बदल जाती है।

देखा जाए तो डिवाइस के थोड़ा गर्म होते ही Auto-Brightness सेंसर ब्राइटनेस को अचानक DROP कर देता है।

इसलिए हीटिंग इश्यू के दौरान Outdoor Visibility थोड़ी कमजोर लगने लगती है।

नतीजतन तेज़ धूप में कभी-कभी आपको स्क्रीन को ठीक से देखने के लिए आँखों पर थोड़ा ज़ोर डालना पड़ेगा।

Color Calibration & Viewing Angles: कलर्स और एंगल्स की शुद्धता

कलर्स के मामले में Samsung हमेशा से अपने वाइब्रेंट और पंची ट्यून्स के लिए जाना जाता है।

शायद यही कारण है कि डिफ़ॉल्ट रूप से इसके कलर्स थोड़े OVER-saturated या ज्यादा भड़कीले दिखाई देते हैं।

हालांकि सेटिंग्स में जाकर आप Natural Mode चुन सकते हैं, जो कलर्स को काफी हद तक बैलेंस्ड कर देता है।

इसके अलावा अलग-अलग साइड एंगल से देखने पर कलर्स में कोई बड़ा डिस्टॉर्शन या वाश-आउट इफ़ेक्ट नहीं दिखता।

यही कारण है कि इसके Viewing Angles Quality को हम काफी हद तक बेहतर मान सकते हैं।

वास्तविक टेस्टिंग के आधार पर इसके परफॉर्मेंस का ग्राफ कुछ इस तरह निकलकर आता है:

Color Accuracy: [████████░░] 80%

Viewing Angles Quality: [█████████░] 85%

Multimedia & Content Consumption: मूवीज़ और वीडियो का अनुभव

यदि आप OTT एप्स जैसे Netflix या Prime Video पर कंटेंट देखने के शौकीन हैं, तो यह पैनल आपको निराश नहीं करेगा।

इसमें Widevine L1 का फुल सर्टिफिकेशन मिलता है, जिससे Full HD+ में स्ट्रीम करना आसान हो जाता है।

लेकिन डार्क सीन्स या भूतिया वेब सीरीज देखते समय एक छोटी सी समस्या सामने आती है।

देखा जाए तो कुछ लो-लाइट सीन्स में Black Crush की समस्या साफ तौर पर नोटिस की जा सकती है।

जिसका मतलब है कि बहुत ज्यादा काले दिखने वाले हिस्सों में बारीक डिटेल्स थोड़ी गायब हो जाती हैं।

हालांकि HDR10+ कंटेंट प्ले करते समय कलर्स का पॉप-अप और ब्राइटनेस लेवल वाकई लाजवाब रहता है।

Refresh Rate & UI Smoothness: स्क्रॉलिंग और टच रिस्पॉन्स

दैनिक इस्तेमाल में 120Hz Refresh Rate के कारण UI काफी स्मूथ और रिस्पॉन्सिव फील होता है।

इसके अलावा सोशल मीडिया ऐप्स पर तेज़ी से स्क्रॉल करते समय भी कोई बड़ा Frame Drop महसूस नहीं होता।

लेकिन गेमिंग के दौरान Touch Sampling Rate को और भी ज्यादा बेहतर किया जा सकता था।

क्योंकि हैवी एक्शन गेम्स खेलते समय कभी-कभी मामूली सा इनपुट लैग महसूस हो सकता है।

इसके विपरीत रात के अंधेरे में फोन इस्तेमाल करते समय आँखों की सुरक्षा के लिए PWM Dimming काफी अच्छे से काम करती है।

नतीजतन कम रोशनी में भी बहुत देर तक लगातार स्क्रीन देखने पर आँखों में कोई बड़ा दर्द या थकान नहीं होती।

तो क्या आज के मौजूदा दौर में इस स्क्रीन पर पैसा लगाना सही है?

वर्तमान मार्केट स्टैंडर्ड्स के हिसाब से इस स्क्रीन में कई खूबियां हैं, तो कुछ कमियां भी साफ दिखती हैं।

Display ProsDisplay Cons
Super AMOLED Plus पैनल में कलर्स काफी शानदार और वाइब्रेंट दिखते हैं।हीटिंग होने पर Peak Brightness का लेवल थोड़ा कम हो जाता है।
120Hz Refresh Rate के कारण स्क्रॉलिंग का अनुभव बेहद स्मूथ मिलता है।डार्क सीन्स में मामूली रूप से Black Crush की समस्या दिखती है।
साइड व्यू से देखने पर भी कलर्स बिल्कुल सटीक बने रहते हैं।गेमिंग के लिए Touch Sampling Rate थोड़ा और तेज़ हो सकता था।

लंबे समय के इस्तेमाल के बाद आज भी यह डिस्प्ले रोजमर्रा के कामों के लिए एक सॉलिड चॉइस बना हुआ है।

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